Barrister Babu Written Update Today 17 July 2020 बोन्दिता की बीमारी

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Barrister Babu Written Update Today 17 July 2020  बैरिस्टर बाबू यानी अनिरुद्ध बोन्दिता की बीमारी से छुटकारा दिलवा पाएगा कि नहीं

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Barrister Babu Written Update Today कलर्स टीवी शो बैरिस्टर बाबू मे बोन्दिता कि गलती से ब्राह्मण लोग नाराज हो जाते हैं वह त्रिलोचन राय चौधरी को श्राप देने वाले होते हैं और उनसे सारा राजपाट और उनकी परंपराओं से निर्गत करने वाले होते हैं तभी ब्राह्मण से त्रिलोचन राय चौधरी पैर पर गिर कर माफी मांगते हैं और कहते हैं प्रभु ऐसा मत कीजिए मुझसे कोई हक मत छिनीए हम एकादशी की पूजा धूमधाम से करेंगे शिकायत का कोई मौका नहीं देंगे।

बोन्दिता को ब्राह्मण लोग दंड देते हैं उससे भारी-भारी अनाज की बोरियां उठाते हैं बोंदिता यही सब बोरीया उठा कर के आती है तभी त्रिलोचन राय चौधरी कहते हैं बहू तुम ठीक हो बोंदिता सिर को नीचे झुका कर कहती है हम ठीक हैं फिर त्रिलोचन राय चौधरी कहते हैं आज तुमने अपने पापों का प्रायश्चित किया जिस तरह से तुमने ताबीज वाली बात अनिरुद्ध को नहीं बताई थी।

उसी तरह से तुम दंड वाली बात भी नहीं बताओगी बोन्दिता सिर हिला देती है सर को नीचे झुका कर कहती है हम ठीक हैं फिर त्रिलोचन राज चौधरी कहते हैं आज तुमने अपने पापों का प्रायश्चित किया जिस तरह से तुमने ताबीज वाली बात अनिरुद्ध को नहीं बताई थी उसी तरह से तुम दंड वाली बात भी नहीं बताओगी बोन्दिता सिर हिला देती है। फिर त्रिलोचन राय चौधरी कहते हैं हर गलती माफ होती है क्या इस बार माफी मिल गई अनिरुद्ध ने कहा तुमने ये कपड़े पहन लिए तुम्हारी अपनी अक्ल घास चरने गई थी क्या।

फिर बोन्दिता कहती है आप ही ने तो कहा था त्रिलोचन कहते हैं मैंने कब कहा ये कपड़े पहनने को आपने कहा था पति के पीछे पीछे चलना पत्नी का धर्म होता है त्रिलोचन राय चौधरी कहते हैं जुबान इतनी चलती है तुम्हारी तो दिमाग क्यों नहीं चलता है फिर बोंदिता कहती है काका ससुर जी आपने पहले दिमाग चलाने के लिए मना किया था फिर त्रिलोचन कहते हैं बस कुतर्क करा लो तुमसे मां ने नहीं सिखाया जो सही ना लगे उसे नहीं करना चाहिए

फिर बोंदिता कहती है काका ससुर जो सही ना लगे ना करूं तो फिर टोटके वाला ताबीज मेरे हाथ से हटा दोगे यह सही नहीं लगता है मुझे बहुत दुखता है मेरे हाथ में घाव भी बढ़ गए हैं त्रिलोचन कहते हैं, नहीं कुतर्क की कोई सीमा होती है कि नहीं होती मां ने तुम्हें यही सिखाया है सिर्फ तुमसे तर्क कुतर्क करना।

चिल्ला कर कहते हैं बस हमें कुछ नहीं सुनना है तुम्हारी कोई बात नहीं सुन सकते तुम्हें कुछ नहीं समझा सकते त्रिलोचन गुस्से में वहां से चले जाते हैं बोन्दिता फिर परीधी के साथ पत्ते उठाती और कहती है सब गुड गोबर हो गया परिधि दी परीधी कहती है कोई नहीं सब ठीक हो जाएगा मुझे लगता था आप मुझे मेरी परेशानी से बाहर निकालेंगी लेकिन सब उल्टा हो जाता है फिर परीधी भी सोचने लगती है।

किस तरह से बोन्दिता को मैंने गिला करने वाली बात पूरे घर में बताई फिर मन मे कहती है इसके साथ बहुत सावधानी से रहना होगा कही मेरे ऊपर सक ना कर ले फिर परिधि नौकरानी के ऊपर डांटने लगती है और कहती है सब तुम्हारी गलती है ना बोंदिता के हाथ पर गरम दाल गिरती और ना इसके लड़की होने का राज ब्राह्मण के सामने लोग अपने-अपने काम में लग जाते हैं।

बोन्दिता अगले दिन जैसे पानी पीने जाती है तभी बैरिस्टर बाबू कहते हैं तुम क्यों नहीं समझ रही हो मैं जो भी कुछ कर रहा हूं सिर्फ तुम्हारे लिए कर रहा हूं बोन्दिता कहती है पति बाबू मैं सब करके देख ली कुछ फायदा नही हुआ क्या, फिर बैरिस्टर बाबू बोले जब तुम पैदा हुई थी तो क्या तुरंत बोलना चलना सीख लिया था क्या सब समय लगता है बोन्दिता तुम्हें समय देना पड़ेगा रसगुल्ला मुंह में और पेट में चला गया क्या यह आसान होता है रसगुल्ला भी बनाने में भी समय लगता है तो मेरी बात को समझ रही हो ना बोंदिता।

(Barrister Babu Written Update Today ) ऐसे ही तुम्हारे बीमारी को सही करने में समय लगेगा यह सब तुमको करना होगा बोन्दिता कहती है समय तो नहीं है मेरे पास और इधर एकादशी के पूजा के लिए सिर्फ तीन दिन बचा है कुछ तो करना होगा कुछ अचूक उपाय मुझे करना होगा फिर बोन्दिता कहती है मेरी वजह से आपको डांट पड़ती है सबके सामने शर्मिंदा होना पड़ता है और काका ससुर को भी तकलीफ होती है मुझे अच्छा नहीं लगता मां कहती है झगड़ों से घर में अशांति फैलती है।

फिर अनिरुद्ध कहते हैं जब तुम सब जानती हो तो मुझे बता दो मैं क्या करूं बोंदिता देवी फिर वह कहती है मुझे मेरे मां के घर छोड़ दीजिए पति बाबू मां के घर जाना ही समस्या का हल है मेरी और आपकी समस्या का हल फिर बोंदिता नाराज हो कर चली जाती है और परीधी तरबूज लाकर देती है और कहती है यह दादी ने दिया है।

इसे खाने से प्यास नहीं लगती फिर अनिरुद्ध कहते हैं नहीं मिनी इससे कुछ नहीं होगा बोन्दिता सही कह रही है कुछ तो अचूक करना होगा सिर्फ महा एकादशी की पूजा के लिए तीन दिन बचे हैं और इधर त्रिलोचन बोंदिता की समस्या को दूर करने के लिए तंत्र विद्या का उपाय करना होगा एक यही अचूक उपाय है जो इस समस्या से बहु को छुटकारा दिला सकता है बहुत ही चिंतित होते हैं।


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